Home मंञालय ठाकरें की धमकी से काँग्रेस नमी भाजपा जमीन पर एक तीर तीन...

ठाकरें की धमकी से काँग्रेस नमी भाजपा जमीन पर एक तीर तीन शिकार

मुंबई(सिटी न्यूज़ मुंबई) गन्ना मीठा हो तो जड़ सहित ना खाया जाए यह कहावत आज काँग्रेस सटीक बैठ रही है। 21 मई को 9 सिंटो के लिए हो रहे विधान परिषद के लिए हो रहे जिस में कॉंग्रेस ने अपने दो उम्मीदवार राजेश राठौड़,राज किशोर मोदी को उतारा जबकि कॉंग्रेस के पास मात्र 44 विधायक है 2 विधायक चुने जाने के लिए 29 विधायको के वोंट की आवश्यकता थी लेकिन ठाकरे की परिपक्वता ने एक तीर से तीन काम कर दिए है घोड़े बाजार नही हुआ कोग्रेस व भाजपा ने अपने उम्मीदवार वापस लेकर चुनाव बीन विरोध किया।
कॉंग्रेस के पास 15 अधिक वोंट है,उनका दूसरा उम्मीदवार चुनने के लिये 14 अन्य वोंट की आवश्यकता थी जिस के लिए हॉर्स ट्रेंडिंग (घोड़े बाजार) किये जाने की प्रबल संभवना थी ।
पौने दो महीने से सरकार को कोरोना का मुकाबला करने में नाक में दम आ गया है।सभी विधायक लॉक डाउन में बैठे है,लक्ष्मी के दर्शन किस को नही चाहिये इस के लिए कॉंग्रेस,भाजपा तयार भी थी।
घोडे बाजार (हॉर्स ट्रेडिंग) को मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे के कड़ा विरोध था सत्ता से सत्य अधिक महत्व का है इस लिये उन्होंने ने प्रदेश अध्यक्ष राजस्व मंत्री बाला सहाब थोरात से स्पष्ठ कर दिया कि अगर कॉंग्रेस पार्टी एक उम्मीदवार की बजाए 2 उम्मीद वार खड़ी करती है तो वह चुनाव नही लड़ेंगे यह सुनते ही कॉंग्रेस के पैर तले की जमीन खिसक गई कॉंग्रेस ने एक नामंकन पत्र वापस ले लिया।
कोरोना वायरस से ग्रस्त देश मे सब से आगे महारास्ट्र चल रहा है करीब 20 हजार के आसपास संक्रमित है,।जिस में मरने वालों की संख्या बढ़ रही है।फिर भी केंद्र सरकार राज्य सरकार को आर्थिक मदद व स्वस्थ सुविधा कम दे रही है।
कोरोना के भीषण संकट में 288 विधायको को मुम्बई बुलाना और चुनाव के लिए सोशल डिस्टेंस मेंटेन करना भी चुनोती थी।
सिर्फ छह माह की सियासत में एक नया अध्याय उद्धव ठाकरे ने रच कर भाजपा को भी घोड़े बाजार से दूर कर दिया उन्हें भी अपना एक उमीदवार का नामांकन वापस लेने पर मजबूर होना पड़ा और चुनाव निर्विरोध करने पड़े है।

असल मे हुआ यू की कॉंग्रेस ने राठौड़ का नाम दिया जबकि दिल्ली से एक और नाम राहुल गांधी की ओर से बिड के मोदी का नाम दिया गया जिस से महारास्ट्र कॉंग्रेस पसोपेश में पड़ गयी मोदी के नाम का कोंग्रेस में विरोध हुआ विधान परिषद में अनुभवी और जेष्ठ नेता को भेजा जाता रहा है ।इस लिए मोदी का जमकर विरोध कॉंग्रेस में हुआ प्रेदश अध्यक्ष ने युवा उम्मीदवार का चयन किया राहुल गांधी ने दिल्ली से मोदी का नाम भेजा जिस से पार्टी में संभर्म पैदा हो गया। मराठवाड़ा के जलाना के राठौड़ और बिड के मोदी दोनों उम्मीदावर एक ही क्षेत्र के दिए जाने से राहुल गांधी गुठ के राजीव सातव का जमकर विरोध हुआ बाला साहेब थोरात के सामने बिकट स्तिथि निर्माण हो गयी थी जिस के बाद थोरात ने राठौड़ का नाम निश्चियत कर के पर्दा डाला।

 २०१९ के विधानसभा चुनाव में काँग्रेस पार्टी को दस सीट मिलने की उम्मीद नही थी परंतु मोदी के सियासी तिकड़मबाजी की नाराजी वोटरों में थी जिस की लॉटरी काँग्रेस को लगी और कॉंग्रेस के अनपेक्षित ४४ सिंटे चुनकर आयी।जबकि इतनी सिंटे चुने जाने की कॉंग्रेस को भी उम्मीद नही थी।
राष्ट्रवादी के अध्यक्ष सांसद शरद पवार ने काँग्रेस, राष्ट्रवादी व शिवसेना तीनो पार्टियों को एकत्र लाकर अनैसर्गिक गठबंधन करवाया जिसे सपने में भी सोचा नही जा सकता था।
. महाविकास आघाडी स्थापित हुई जिसके शिल्पकार शरद पवार और राज्यसभा के सांसद संजय राऊत थे. दोनों ने दिन रात एक कर के भाजपा के हलक से सत्ता का निवाला छिन कर अदभूत चमत्कार करवा दिया भाजपा हक्का बक्का मुंह ताकते रहे गयी।मुंह का निवाला महाविकास अघाड़ी ने छीन लिया।
इस सारे घटनाक्रम के गवाह स्वयं बाला साहब थोरात भी थे. इस लिए उन्होंने भाजपा की रणनीति दिल्ली वालों को समझाई और सत्ता में हिस्सेदारी के लिए तैयार कर के अधमरी कॉंग्रेस को संजीवनी दिलवाई है ।
कॉंग्रेस के पास संख्या बल न होते हुए भी 1 अधिक का उम्मीदवार दिये जाने से मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे नाराज हो गए उन्होंने ने विधान परिषद का चुनाव न लढने की धमकी देने से राष्ट्रवादी को भी सत्ता से बाहर होना पड़ सकता था धमकी को अमल में लाने की संभवना को भांपते हुए शरद पवार ने हस्तक्षेप तथा कॉंग्रेस ने राहुल गांधी गुठ के उम्मीदवार का नाम वापस लेकर मामला रफादफा किया।
कॉंग्रेस व भाजपा दोनों खिलाड़ियों को उद्धव ठाकरे ने एक ही झटके में सीधा कर दिया तथा अपने सभ्यता को कायम रखते हुए परिपक्व होने का परिचय दिया।
सब से बड़ी बात यह रही कि इस बार के विधान परिषद चुनाव में उद्धव ठाकरे ने कॉंग्रेस सहित भाजपा को एक ही निशाने से घोडे बाजार को लगाम लगा दिया। भाजपा के पास १०५ की संख्या के आधार पर एक अधिक उम्मीदवार खड़ा कर दिया था भाजपा को अधिक ११ वोंट की आवश्यकता थी। वही दूसरी ओर कोंग्रेस ने भी एक अधिक का उम्मीदवार खड़ा किया जिसे 14 वोंट की जरूरत थी भाजपा और कॉंग्रेस नाराज विधायक ख़िरद फरोख्त हो सकते थे इस घोड़ेबाजर को उद्धव ठाकरे ने ठाकारी स्टाइल में एक ही झटके में सीधा कर दिया जिस के बाद कॉंग्रेस ने अपना उम्मीदवार वापस लिया जिस के बाद भाजपा को भी मजबूर होना पड़ा कोरोना जंग मे केंद्र सरकार राज्य सरकार को आर्थिक मदद नही कर रही है वैसे ही बदनामी हो रही कोरोना जंग के लिए राज्य के देवन्द्र फ़सनवीस सहित सभी भाजपाइयों ने प्रधान मंत्री केयर फंड में रुपया दिया मुख्यमंत्री फंड में एक रुपया भी नही दिया।विधान परिषद में करोड़ो रूपये का व्यवहार किये जाने का प्रचार महाविकास आघाडी करेंगी जिस का परिणाम जनमानस में बुरा होंगा सत्ता के लिए आतुर भाजपा के लिये योग्य नही रहेंगा भांपते हुए भाजपा ने भी अपना एक्स्ट्रा उम्मीदावर का नाम वापस लिया जिस के बाद अधिक मानहानी,बदनामी से देवन्द्र फड़नवीस बचें है।
11 सिंटे के लिये बिना घोड़ेबाजर का बिन विरोध चुनाव हो रहा है जिस का अब सिर्फ 21 मई को अधिकृत किया जाना शेष रहे गया है।
जयंत करंजवकर
ज्येष्ठ पत्रकार मंत्रलाय
9820333710

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Most Popular

36 में से 10 नए पोजिटिव्ह झोपड़पट्टी ने बिगाड़ा समीकरण

मीरा भाईंदर (सिटी न्यूज़ मुंबई) मीरा भाईंदर में आज फिर से 36 पेशेन्ट मिलने से मीरा भाईंमनपा के कोरोना जंग का का...

12 विधायको का अगले सप्ताह कार्यकाल समाप्त, इच्छुको ने लागना शुरु की फील्डिंग

मुंबई (सिटी न्यूज़ मुंबई) अगले सप्ताह महारास्ट्र विधान परिषद के 12 सदस्य कार्यकाल समाप्त होने वाला है जोकि राज्यपाल नाम नियुक्त थे।...

१५५ पुलिस अधिकारी,९४० पुलिस कर्मी कोरोणा ग्रस्त ७०० कवारेटाइन 

मुंबई (सिटी न्यूज़ मुंबई) राज्य में कोरोना संकट से आम जनता को रोकने वाली पुलिस ही अब बड़े पैमाने पर खुद ही...

कोविड19 ,ठाने,मीरा भाईंदर के लिए iAS अधिकारी 15 करोड़ रु मीरा भाईंदर के लिए MMRDA की तरह अस्पताल बनाये- प्रताप सरनाईक

मुंबई(सिटी न्यूज़ मुंबई) मुम्बई में हर ज़ोन में जिस तरह से मदद करने के लिए IAS अधिकारी दिए गए हैं उसी तरह...

Recent Comments